एग्यारकुंड (बिजय सिंह)। निरसा विधानसभा क्षेत्र के पांड्रा मोड़ में रविवार सुबह लगभग 10:30 बजे एक हृदयविदारक घटना सामने आई, जब रूरल फीडर के ट्रांसफार्मर से एक बंदर को 11 हजार वोल्ट का तेज करंट लग गया। करंट का झटका इतना जबरदस्त था कि बंदर पोल से छिटककर काफी दूर जा गिरा।
घटना के बाद मौके पर मौजूद स्थानीय लोगों ने तुरंत मानवता का परिचय देते हुए घायल बंदर को सुरक्षित स्थान पर लाकर व्यवस्थित रूप से बैठाया। तत्पश्चात उन्होंने पशु सहायता हेतु 1962 पशु हेल्पलाइन पर कॉल किया, लेकिन काफी प्रयास के बावजूद न तो कोई एंबुलेंस पहुंची और न ही किसी प्रकार की चिकित्सकीय सहायता उपलब्ध कराई गई।बंदर की गंभीर स्थिति को देखते हुए स्थानीय लोगों ने पशु चिकित्सक डॉ. प्रदीप मंडल को फोन कर सूचना दी। सूचना मिलते ही डॉ. मंडल तुरंत घटनास्थल पर पहुंचे और घायल बंदर को प्राथमिक उपचार प्रदान किया। उन्होंने आवश्यक दवाइयां भी दीं और पूरी निष्ठा के साथ सेवा की।
विशेष बात यह रही कि डॉ. मंडल ने यह संपूर्ण उपचार निःशुल्क किया। जब स्थानीय लोगों ने दवाइयों के बदले उन्हें कुछ पैसे देने की कोशिश की, तो उन्होंने यह कहते हुए मना कर दिया कि “यह एक सेवा कार्य है, इसके लिए मैं कोई शुल्क नहीं ले सकता।”
यह घटना जहां एक ओर सरकारी पशु चिकित्सा व्यवस्था की संवेदनहीनता को उजागर करती है, वहीं दूसरी ओर एक चिकित्सक की मानवीय संवेदनशीलता और समर्पण का जीवंत उदाहरण प्रस्तुत करती है।
डॉ. मंडल ने बताया कि प्राथमिक उपचार के बाद बंदर की स्थिति अब खतरे से बाहर है और जल्द ही उसके पूरी तरह स्वस्थ होने की उम्मीद की है।























