कतरास / धनबाद संवाददाता
- तीन घर जमींदोज, तीन की मौत—लापरवाही पर भड़के लोग
- घटना के बाद लोग मृतकों के परिजनों के लिए मुआवजा और सुरक्षित पुनर्वास की मांग कर रहे हैं।
- बढ़ते गैस रिसाव से दहशत, लोग घर छोड़ने को मजबूर
- आजसू बाघमारा प्रखंड अध्यक्ष राकेश ग्याली का भी वाहन क्षतिग्रस्त
सोनारडीह ओपी क्षेत्र के टंडाबारी बस्ती में हुए भीषण भू-धंसान के बाद ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। बुधवार को बीसीसीएल की टीम जैसे ही घटनास्थल का जायजा लेने पहुंची, आक्रोशित लोगों ने पथराव कर दिया।इस दौरान कई कोल अधिकारियों को खदेड़ दिया गया और उनके वाहनों के शीशे तोड़ दिए गए। एक अधिकारी के साथ धक्का-मुक्की की गई।जबकि एक चालक का सिर भी फट गया।
स्थिति बिगड़ते देख अधिकारी जान बचाकर भाग निकले। गोविंदपुर क्षेत्रीय कार्यालय का मुख्य द्वार बंद कर दिया गया और भारी संख्या में CISF जवानों की तैनाती की गई।इस दौरान बीसीसीएल अधिकारी के वाहन के साथ साथ अन्य वाहन भी क्षतिग्रस्त हुआ है।आजसू के प्रखंड अध्यक्ष राकेश ग्याली के भी वाहन आक्रोशित लोगों के चपेट में आ गया।टांडाबारी में हुए भू-धंसान हादसे ने तीन परिवारों को उजाड़ दिया।
इस हादसे में तीन घर पूरी तरह जमींदोज हो गए। जिसमें तीन लोगों की दर्दनाक मौत हो गई।स्थानीय ग्रामीणों का आरोप है कि क्षेत्र में लगातार हो रहे भू-धंसान और गैस रिसाव को लेकर कई बार शिकायत की गई थी, लेकिन प्रबंधन ने कोई ठोस कदम नहीं उठाया। इसी लापरवाही के कारण यह बड़ा हादसा हुआ।हादसे के बाद हालात लगातार बिगड़ते जा रहे हैं।
इलाके में गैस का रिसाव बढ़ने से लोगों में भय का माहौल है।निकटवर्ती बस्तियों के लोग अपने घर छोड़कर सुरक्षित स्थानों की ओर पलायन करने लगे हैं। परिवार अपने जरूरी सामान के साथ नए ठिकाने की तलाश में निकल पड़े हैं।स्थिति को देखते हुए प्रशासन और सुरक्षा बलों की मौजूदगी बढ़ा दी गई है, लेकिन स्थानीय लोगों में अब भी दहशत और आक्रोश दोनों बना हुआ है।




